गांधी परिवार के बिना कांग्रेस मजबूत नहीं हो सकती
नई दिल्ली
पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव में भले ही कांग्रेस को करारी हार मिली हो, लेकिन चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर का मानना है कि 2024 के लोकसभा चुनाव में कांग्रेस बीजेपी को मजबूत टक्कर दे सकती है। पीके ने कहा है कि अगर कांग्रेस एकजुट होकर काम करे, तब 2024 के लोकसभा चुनाव में बीजेपी को मजबूत चुनौती दे सकती है।पांच राज्यों यूपी, उत्तराखंड, मणिपुर, गोवा और पंजाब में करारी हार के बाद कांग्रेस वर्किंग कमिटी की बैठक हुई थी, जिसके बाद कई कांग्रेसी नेताओं ने गांधी परिवार पर निशाना साधा था।
हालांकि सीडब्ल्यूसी की बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी को संरचनात्मक कमजोरी और पार्टी में बदलाव करने के लिए अधिकृत कर दिया गया है। पीके ने कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव के लिए कांग्रेस के पास मौका है। अगर कांग्रेस एकजुट रहे, तब वह बीजेपी को मजबूत चुनौती दे सकती है। प्रशांत किशोर ने कहा, भाजपा अब ताकतवर हो चुकी है, लेकिन अभी भी वह पूर्वी और दक्षिणी भारत में संघर्ष कर रही है, क्योंकि इन क्षेत्रों में लगभग 200 सीटों पर वह 50 सीटें भी नहीं ला पा रही है। इसमें बिहार, बंगाल, ओडिशा, तेलंगाना, आंध्रप्रदेश, तमिलनाडु और केरल राज्य शामिल हैं। उन्होंने कहा, इसके लिए हमें वापस जमीन पर आना होगा और कांग्रेस को पुनर्जन्म लेना होगा। प्रशांत किशोर ने कहा, कोई भी पार्टी खासकर अगर कांग्रेस राष्ट्रीय स्तर पर बीजेपी का विकल्प बनना चाहती है,तब उसके पास 10-15 साल का मजबूत दृष्टिकोण होना चाहिए। इसके लिए कोई शॉर्ट कट नहीं है।
प्रशांत किशोर से पूछा गया कि ऐसा कौन शख्स है, जो पूरे विपक्ष को एकजुट कर सकता है? इस सवाल पर पीके ने किसी नेता का नाम तो नहीं लिया, लेकिन कहा कि ‘अगर कांग्रेस सबको एक साथ रखने में कामयाब हो जाती है,तब इसके इर्द-गिर्द चेहरा को बनाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि यदि आप सही दिशा में नैरेटिव को ले जाते हैं और आपके पास गठबंधन के लोग हैं तब भले ही उसकी विचारधारा कुछ भी हो, लेकिन अगर वे बीजेपी को हराना चाहते हैं तो चेहरा अपने आप बन जाएगा। प्रशांत किशोर ने कहा कि ‘अगर कांग्रेस से गांधी परिवार हट जाए,तब फिर कांग्रेस मजबूत नहीं होगी। इसकारण कांग्रेस के लिए जमीन पर आकर बुनियादी बातों को सही करने का समय आ गया है।
