Friday, October 16, 2026
UTTAR PRADESH

बासुदेव के पास मिली आय से 109 प्रतिशत अधिक संपत्ति- बेटी लड़ चुकी है विधानसभा चुनाव

लखनऊ
उत्तर प्रदेश की योगी सरकार नेताओं और धन्नासेठ बने अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई कर रही है. अपने नौकरी के पूरे कार्यकाल मे सैफई परिवार के बेहद करीबियों में गिने जाने वाले पूर्व शिक्षा निदेशक और समाजवादी पार्टी के एमएलसी वासुदेव यादव पर आय से अधिक संपत्ति का केस दर्ज किया गया है. शुरुआती जांच में विजिलेंस को 109 फीसदी आय से अधिक संपत्ति मिली है।
विजिलेंस की जांच में सामने आया है कि वासुदेव यादव की निर्धारित अवधि में आय करीब 89.42 लाख रुपये थी, जबकि उनके खर्च करीब 1.86 करोड़ रुपये से अधिक पाए गए. यानि उनकी कुल आय से करीब 97.34 लाख रुपये अधिक. कुल आय से करीब 109 प्रतिशत अधिक संपत्ति जुटाने के साक्ष्य एकत्र करने के बाद विजिलेंस ने अपनी रिपोर्ट शासन को भेजी थी. खुली जांच के दौरान वासुदेव यादव ने अपने बयान भी नहीं दर्ज कराए थे. अब विजिलेंस जांच का घेरा बनाकर शिकंजा कसेगी। वासुदेव यादव पर आरोप है कि उन्होंने शिक्षा विभाग में रहते हुए प्रयागराज में करोड़ों की अवैध संपत्ति अर्जित की. इसमें कई कॉलेज और स्कूल के भी नाम शामिल हैं. आरोपों के मुताबिक, वासुदेव यादव ने नौकरों व करीबियों के नाम पर यह संपत्ति अर्जित कर रखी है. 2017 में उनके खिलाफ जांच के आदेश दिए गए थे।
योगी सरकार ने 12 सितंबर 2017 को वासुदेव यादव की संपत्तियों की विजिलेंस जांच के आदेश दिए थे. विजिलेंस ने उनके विरुद्ध खुली जांच की, जिसमें एक सितंबर 1978 से 31 मार्च 2014 के बीच वासुदेव यादव की आय के साथ खर्च और अर्जित की गईं चल-अचल संपत्तियों की पड़ताल की।
गौरतलब है कि सपा एमएलसी वासुदेव यादव शिक्षा विभाग के अहम पद पर इलाहाबाद वाराणसी समेत कई महत्वपूर्ण जिलों में रह चुके हैं. 2014 में यूपी बोर्ड के निदेशक और सचिव माध्यमिक शिक्षा परिषद रहे हैं. सपा शासन काल में ज्यादातर समय वासुदेव यादव अहम पदों पर रहे हैं. बताया जाता है कि वासुदेव सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव के बेहद करीबी रहे हैं. वहीं पूरे परिवार की पहुंच भी सैफई कुनबे में मानी जाती है. पिछले विधानसभा चुनाव में उनकी बेटी निधि यादव सपा से विधानसभा का चुनाव लड़ चुकी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *