रतलाम पुलिस ने तीन और संदिग्धों को राजस्थान एटीएस को सौंपा
रतलाम
राजस्थान के निम्बाहेड़ा में रतलाम के तीन युवकों के विस्फोटकों के साथ पकड़ाने और आतंकी साजिश के खुलासे के बाद से ही रतलाम पुलिस, एमपी और राजस्थान एटीएस आतंकी कनेक्शनों के तार तलाशने में जुटी हुई है। रात भर एमपी एटीएस और रतलाम पुलिस की सर्चिंग जारी रही। इधर रतलाम पुलिस ने तीन और संदिग्ध को राजस्थान एटीएस को सौंपा है। इस मामले में रतलाम के रहने वाले कुल हिरासत में लिए आरोपियों की संख्या अब 6 हो गई है। पुलिस और प्रशासन ने गिरफ्तार आरोपियों के अवैध निर्माण पर बुलडोजर चलाने का काम भी शुक्रवार सुबह से शुरू कर दिया है।
पुलिस अधीक्षक अभिषेक तिवारी ने बताया कि राजस्थान में रतलाम के तीन युवकों के विस्फोटकों के साथ पकड़ाने और आतंकी साजिश के खुलासे के बाद रतलाम में लगातार सर्चिंग जारी है। कल दोपहर में राजस्थान एवंं एमपी एटीएस और रतलाम पुलिस ने दो संदिग्धों को हिरासत में लिया था। इनसे पूछताछ के बाद रतलाम पुलिस की टीमें रातभर सर्चिंग में लगी रही। एसपी अभिषेक तिवारी ने बताया कि रात में एक और संदिग्ध को हिरासत में लिया गया है। इसे भी कल हिरासत में लिए गए दो और आरोपियों के साथ शुक्रवार अलसुबह राजस्थान एटीएस को सौंप दिया गया है। एसपी के अनुसार कल और रात में पकड़ाए इन तीनों संदिग्धों की इस मामलेे में अभी तक सीधी भूमिका सामने आ रही है। एसपी अभिषेक तिवारी ने कहा कि रतलाम में इन आतंकियों का जो मॉड्यूल रहा है और आर्थिक, वैचारिक या अन्य किसी तरह से इन्हें समर्थन करनेेेे वाले तत्वों का पता लगाकर उनके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस सूत्रों की मानें तो राजस्थान और रतलाम में हुई गिरफ्तारी के बाद इस मामले में आरोपियों की संख्या 9 हो गई है इसमें से 6 रतलाम के हैं। पुलिस को पूछताछ में जो जानकारी मिल रही है उसके आधार पर लगातार सर्चिंग और तलाशी अभियान के साथ ही संदिग्धों से पूछताछ की जा रही है।
अवैध निर्माणों पर चला बुलडोजर, कलेक्टर और एसपी भी पहुंचे मौके पर
इस मामले के खुलासे के बाद कलेक्टर कुमार पुरुषोत्तम और पुलिस अधीक्षक अभिषेक तिवारी भी एक्शन में आ गए है। उन्होंने शहर के साथ ही जिले की पुलिस और प्रशासन को अलर्ट कर दिया है। कलेक्टर और एसपी के निर्देशन में रातभर जांच और तलाशी की कार्रवाई चली। विस्फोटक के साथ पकड़ाए युवकों से जुड़े रहने वाले लोगों की जानकारी जुटाने के साथ ही संदिग्ध के ठिकानों का पता लगाने के लिए पुलिस की अलग-अलग टीमें रातभर जांच में जुटी रही। हथियार और सामग्री छुपाए जाने की आशंका में पुलिस कप्तान के निर्देशन में शहर के कई ठिकानों पर रात में सर्चिंग ऑपरेशन कर तलाशी ली गई। पकड़ाए युवकों के साथियों और संदिग्धों की जानकारी जुटाने के साथ ही उनके मददगारों की जानकारी भी जुटाई गई। देर रात तक पुलिस का अमला अगली कार्रवाई की तैयारी में लगा रहा और आज सुबह दस बजे पुलिस और प्रशासन की टीमें मोहन नगर में एक मकान पर बुलडोजर के साथ पहुंची। बिजली विभाग के कर्मचारी भी मौके पर पहुंच गए मोहन नगर में जिस मकान पर तोडफ़ोड़। होना थी उस इलाके का रास्ता रोकने के साथ ही बिजली बंद करवा दी गई। प्रशासनिक अधिकारियों का इशारा मिलते ही भारी पुलिस की मौजूदगी में बुलडोजर ने मकान पर पंजा मारना शुरू कर दिया। मोहनगर में तोडफ़ोड़ की कार्रवाई तो चल रही थी कि प्रशासन का अमला जुलवानिया रोड पर मुंशीपाड़ा पहुंच गई। मुंशीपाड़ा में पोल्ट्रीफार्म पर पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में सघन जांच की। बिजली विभाग के कर्मचारियों ने बिजली का कनेक्शन काटा और थोड़ी देर बाद तोडफ़ोड़ की कार्रवाई शुरू हो गई। पुलिस टीम ने जांच उपकरण से पोल्ट्री फार्म की बारिकी से तलाशी ली। विक्रम नगर क्षेत्र में भी कार्रवाई की गई।
इस दौरान कलेक्टर कुमार पुरुषोत्तम और एसपी अभिषेक तिवारी भी मौके पर पहुंचे और कार्रवाई का निरीक्षण कर आवश्यक निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि अवैध निर्माणों पर कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। कार्रवाई के दौरान एएसपी सुनील पाटीदार, एसडीएम राजेश शुक्ला, तहसीलदार गोपाल सोनी सहित प्रशासनिक अधिकारी और पुलिस बल मौजूद रहा।
