केंद्रीय मंत्री के थप्पड़ वाले बयान के बाद अब यूपी में सियासत गर्माई
कानपुर
महाराष्ट्र में केंद्रीय मंत्री के थप्पड़ वाले बयान के बाद अब यूपी में सियासत गर्मा गई है। महाराष्ट्र सीएम उद्धव ठाकरे के 25 अक्टूबर.2020 को सीएम योगी आदित्यनाथ पर की गई अशोभनीय टिप्पणी को बीजेपी ने मुद्दा बना दिया है। इसी को लेकर कानपुर महापौर प्रमिला पांडेय ने शुक्रवार को स्वरूप नगर थाने में सीएम उद्धव ठाकरे के खिलाफ तहरीर दी है। महापौर ने कहा कि उद्धव ठाकरे यूपी आ जाएं बता दूंगी कि चप्पल कैसे चलती है। उनकी औकात क्या है।
अक्टूबर 2020 में दशहरा भाषण के दौरान ठाकरे ने कहा था कि, “एक योगी कैसे मुख्यमंत्री बन सकता है? उसे एक गुफा में जाकर बैठना चाहिए। उसे उसकी चप्पल से मारना चाहिए। योगी ने शिवाजी महाराज का अपमान किया है। योगी की शिवाजी के पास जाने की हैसियत नहीं थी। योगी जब महाराष्ट्र आएं तो उन्हें उनके चप्पल से पीटना चाहिए।”
बढ़ सकती हैं उद्धव ठाकरे की मुश्किलें
इस बयान के राजनीतिक मुद्दा बनते ही यूपी के कई जिलों में सीएम उद्धव ठाकरे के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई हैं। इससे उद्धव ठाकरे की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। दरसअल,केंद्रीय मंत्री नारायण राणे ने उद्धव ठाकरे को थप्पड़ मारने का बयान दिया था। इसमें उनकी गिरफ्तारी भी हो गई थी। अब बीजेपी उद्धव ठाकरे के पुराने बयान को निकालकर नया उनके खिलाफ नया मुद्दा खड़ा कर दिया है। महाराष्ट्र में भी इस बयान का विरोध होने लगा है।
योगी पर हमला हुआ तो उद्धव जिम्मेदार
महापौर की दी गई तहरीर में कहा गया है कि सीएम योगी आदित्यनाथ पर हमला हुआ तो सीधे तौर पर उद्धव ठाकरे जिम्मेदार होंगे। महापौर ने कहा कि यूपी और बिहार के लोग जिस दिन महाराष्ट्र छोड़ देंगे,उस दिन वहां के लोग खाने तक को मोहताज हो जाएंगे। उनके स्टेट को बनाने का काम यहां के लोगों ने किया है।
